سورة الإخلاص
सूरह इख़लास हिंदी में
ख़ुलूस
- 112
- 4 आयतें
- मक्की
- पारा 30
- पन्ना 604
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सूरह इख़लास (الإخلاص) क़ुरआन की 112वीं सूरह है और इसमें 4 आयतें हैं। इसके नाम का मतलब "ख़ुलूस" है। यह मक्की सूरह है और पारा 30 में है।
इस पन्ने पर आप सूरह इख़लास का पूरा अरबी पाठ मौलाना अज़ीज़ुल हक़ उमरी के हिंदी तर्जुमे और रोमन उच्चारण के साथ आयत-दर-आयत पढ़ सकते हैं और तिलावत सुन सकते हैं।
मुकम्मल सूरह इख़लास: अरबी, हिंदी तर्जुमा और रोमन उच्चारण
بِسْمِ ٱللَّهِ ٱلرَّحْمَـٰنِ ٱلرَّحِيمِ
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قُلْ هُوَ ٱللَّهُ أَحَدٌ١
Qul huwa Allahu ahadun
(ऐ रसूल!) आप कह दीजिए : वह अल्लाह एक है।1
टिप्पणियाँ
[1] आयत संख्या 1 में 'अह़द' शब्द का प्रयोग हुआ है जिसका अर्थ है, उसके अस्तित्व एवं गुणों में कोई साझी नहीं है। यहाँ 'अह़द' शब्द का प्रयोग यह बताने के लिए किया गया है कि वह अकेला है। वह वृक्ष के समान एक नहीं है जिसकी अनेक शाखाएँ होती हैं। आयत संख्या 2 में 'समद' शब्द का प्रयोग हुआ है, जिसका अर्थ है अब्रण होना। अर्थात जिसमें कोई छिद्र न हो जिससे कुछ निकले, या वह किसी से निकले। और आयत संख्या 3 इसी अर्थ की व्याख्या करती है कि न उसकी कोई संतान है और न वह किसी की संतान है। -
ٱللَّهُ ٱلصَّمَدُ٢
Allahu alssamadu
अल्लाह बेनियाज़ है।
-
لَمْ يَلِدْ وَلَمْ يُولَدْ٣
Lam yalid walam yooladu
न उसकी कोई संतान है और न वह किसी की संतान है।
-
وَلَمْ يَكُن لَّهُۥ كُفُوًا أَحَدٌۢ٤
Walam yakun lahu kufuwan ahadun
और न कोई उसका समकक्ष है।2
टिप्पणियाँ
[2] इस आयत में यह बताया गया है कि उसकी प्रतिमा तथा उसके बराबर और समतुल्य कोई नहीं है। उसके कर्म, गुण और अधिकार में कोई किसी रूप में बराबर नहीं। न उसकी कोई जाति है न परिवार। इन आयतों में क़ुरआन उन विषयों को जो लोगों के तौह़ीद से फिसलने का कारण बने, उसे अनेक रूप में वर्णित करता है। और देवियों और देवताओं के विवाहों और उन के पुत्र और पौत्रों का जो विवरण देव मालाओं में मिलता है, क़ुरआन ने उसका खंडन किया है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
सूरह इख़लास के नाम का मतलब क्या है?
इख़लास का मतलब "ख़ुलूस" है।
सूरह इख़लास किस पारे में है?
सूरह इख़लास पारा 30 में है।
सूरह इख़लास में कितनी आयतें हैं?
सूरह इख़लास में 4 आयतें हैं।
सूरह इख़लास मक्की है या मदनी?
सूरह इख़लास मक्की सूरह है।
सूरह इख़लास क़ुरआन की कौन-सी सूरह है?
यह क़ुरआन की 112वीं सूरह है।
स्रोत
- Arabic text: Tanzil Quran Text (Uthmani) (Tanzil Project, CC BY 3.0), reproduced without changes.
- Translation: Azizul Haq Al-Omari, from QuranEnc.com, version 1.1.5, reproduced without changes.
- Transliteration: Tanzil.net English transliteration.
- Recitation: Mishary Rashid Alafasy, via QuranicAudio.com and EveryAyah.com.
- Word by word: recordings and meanings from Quran.com (Quran Foundation), played when you tap a word.
- Madinah and IndoPak fonts (Settings): the text in those scripts and their fonts come from the Quran Foundation (Quran.com); the Madinah font is the King Fahd Glorious Quran Printing Complex's Uthmanic Hafs font.
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